गोरखपुर ग्रामीण
सीबीएसई के 12वीं फेल छात्रों का मामला, एसडीएम ने छात्रों अभिभावकों संग विद्यालय प्रबंध तंत्र को तहसील सभागार में बुलाया
गोरखपुर : सीबीएसई के 12वीं फेल छात्रों का मामला, एसडीएम ने छात्रों अभिभावकों संग विद्यालय प्रबंध तंत्र को तहसील सभागार में बुलाया
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!- एलपीएम स्कूल में फेल हुए छात्रों ने विद्यालय के गेट पर किया था हंगामा
- दोनो पक्षों की बात सुनकर डीएम व डीआईओए को भेजा गया रिपोर्ट गोला तहसील तिराहे पर स्थित सीबीएसई बोर्ड द्वारा संचालित एलपीएम पब्लिक स्कूल के बारहवी में फेल छात्रों ने रविवार को स्कूल के पास खड़े होकर हंगामा खड़ा कर दिया था। इस बात को एसडीएम गोला ने सज्ञान में लेते हुए सोमवार को तहसील सभागार में फेल हुए 57 छात्रों व उनके अभीभावकों के साथ-साथ विद्यालय के प्रबंध तंत्र को बुलाकर अपना अपना पक्ष रखने को कहा। दोनो पक्षों से रखे गए बातों को सुनने के बाद उपजिलाधिकारी गोला ने इस प्रकरण को डीएम एवं डीआईओएस को रिपोर्ट भेजने का आश्वासन दिया।
बताते चले कि इस महामारी में शासन द्वारा सभी शिक्षण संस्थान बंद करा दिये गए थे। सीबीएसई बोर्ड ने अपने माध्यम से संचालित होने वाले विद्यालयों से दसवी व बारहवी के सभी छात्रों की सूची भेजने का आदेश जारी किया था। एलपीएम में कुल 237 छात्र छात्राएं रजिस्टर्ड थीं। प्रबंध तंत्र द्वारा सबकी सूची बोर्ड को उपलब्ध करा दी गयी। बोर्ड ने 57 छात्रों को फेल कर दिया। 180 छात्र छात्राये पास हुए। फेल छात्रों ने हंगामा खड़ा कर दिया। छात्रों का कहना था कि शासन का निर्देश था कि सभी छात्र प्रमोट कर दिए जाय। विद्यालय ने जान बूझ कर हम लोगो को फेल करा दिया।
वही प्रबंध तंत्र का कहना था कि बोर्ड का एक अपना नियम है। पिछले सत्र में जितने लोग पास हुए थे उससे ज्यादे परिणाम नही आने थे। विद्यालय की तरफ से सभी छात्रों को पास करने के लिए सूची भेज दी गयी थी। लेकिन बोर्ड ने मात्र 180 छात्र छात्राओं को पास किया। इसमें विद्यालय का कोई दोष नही है। इसके बाद बोर्ड का आदेश है कि जो छात्र इस निर्णय से असंतुष्ट है वह कुछ ही दिनों के बाद बोर्ड के आदेशानुसार परीक्षा फार्म भरकर परीक्षा में बैठ कर परीक्षा देकर अपना परिणाम प्राप्त कर सकते है। एसडीएम गोला ने दोनो पक्षो की बात सुनने के बाद छात्रों व अभिभावकों से कहा कि आप लोग लिखकर हमे दीजिये। हम डीएम व डीआईओएस के पास रिपोर्ट बनाकर भेज देता हूं।
