उत्तर प्रदेश
शोसल मीडिया पर किसानों पर पूर्व राज्यमंत्री राजेश त्रिपाठी के पोस्ट को लोगों ने बताया शर्मनाक
गोरखपुर:
कृषि कानून के विरोध में एक तरफ जहां किसान सड़कों पर उतरकर विरोध जता रहे हैं और कई राजनैतिक पार्टियां किसानों के समर्थन में खुल कर सामने आ रही हैं , इसी बीच चिल्लूपार के पूर्व राज्यमंत्री राजेश त्रिपाठी के शोसल मीडिया पर एक पोस्ट से बवाल मचा हुआ है।
दरसल पूर्व राज्यमंत्री राजेश त्रिपाठी ने अपने फेसबुक एकाउंट से किये पोस्ट में आंदोलनरत किसानों को “गल्ला बिचौलियों की जमात” बताया है।लोग इस पोस्ट को शर्मनाक बताते हुए तरह-तरह की टिप्पणी भी कर रहे हैं।
पूर्व राज्य मंत्री राजेश त्रिपाठी का शोसल मीडिया पर पढ़िए उनके द्वारा किया गया पोस्ट-
अगर यह किसान आन्दोलन होता तो इस वक्त तो कत्तई नहीं होता… किसान तो इस वक्त खेतों में है… या तो बुआई कर रहा है… या फिर सिंचाई… अथवा उसकी तैयारी… !
यकीनन यह गल्ला बिचौलियों की जमात है जो किसान रूप धारण कर सड़क पर है…
दूसरा यक्ष प्रश्न यह भी है कि अगर ये नये किसान हित कानून से सचमुच के नाराज केवल किसान हैं …तो मोदी सरकार के खिलाफ नारे लगाते… खालिस्तान और पाकिस्तान समर्थन में नारे क्यों लगायेंगे…? जैसे इंदिरा को ठोंका… वैसे ही मोदी को भी ठोंक देगें… जैसे जहरीले बयाँ क्यों देते…? तो क्या इंदिरा को ठोकने वाले किसान थे..? नहीं नअ..?
वे तो देश को खण्ड-खण्ड बाँटने वाली मानसिकता के पोषक खालिस्तानी चाशनी में डूबे, नफरत से लबरेज, सुरक्षा की वर्दी में छिपे आतंकी थे…तो क्या ये भी वैसे ही मानसिकता वाले लोग हैं…?
इसका तो मतलब यह हुआ कि शाहीन बाग मानसिकता वाली जमात इस आन्दोलन में अदृश्य विद्यमान है…!
हमारी अपनी समझ कह रही है कि यह आन्दोलन दो स्वार्थ के पिलर पर टिका हुआ है… पहला विरोध के लिए विरोध… दूसरा किसानों के हक पर डाका डालते आ रहे बिचौलियों के पेट पर पड़ रही लात …
फिर भी प्रधानमंत्री श्री मोदी जी से यह अनुरोध तो करूँगा ही… कि… भले ये बिचौलिये हों … मगर है तो इनकी भी रोजी-रोटी… कुछ तो इनका भी ख्याल जरूर रखियेगा… मगर जरा शिद्दत से उनकी भी खबर जरूर लिजियेगा जो अपना पेट काट कर भी देश का पेट भरने वाले राष्ट्रभक्त किसानों के नाम पर देशद्रोही नारे लगा रहे…
🙏
राजेश त्रिपाठी
पूर्व मंत्री उप्र शासन
चिल्लूपार-गोरखपुर
